चौधरी चरण सिंह को याद किया ब्रह्माकुमारीज ने!

0
16

किसान आयोग के उपाध्यक्ष व जिला पंचायत अध्यक्ष रहे अतिथि

oplus_0
oplus_0
oplus_0

रुड़की- प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय के ग्रामीण प्रभाग द्वारा रुड़की ब्रह्माकुमारीज सेवा केंद्र पर आयोजित एक कार्यक्रम में आज देश के पांचवे प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह को यादकर उनके द्वारा किये गए कार्यो की चर्चा की गई।मुख्य अतिथि उत्तराखंड किसान आयोग के उपाध्यक्ष चौधरी अजीत सिंह ने कहा कि मेरे ऊपर यह  परमात्म कृपा ही है,जो मुझे ब्रह्माकुमारीज सेवा केंद्र आने का सौभाग्य मिला है।उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह किसानों के मसीहा थे,जिन्होंने सादगी व ईमानदारी की अपने जीवन मे मिशाल कायम की।उन्होंने ब्रह्माकुमारीज संस्था से जुड़कर राजयोग सीखने की भी इच्छा जताई।जिला पंचायत अध्यक्ष चौधरी राजेंद्र सिंह जिन्हें किरण चौधरी के नाम से भी जाना जाता है,ने ब्रह्माकुमारीज केंद्र पहुंचकर ध्यान कक्ष में केंद्र प्रभारी बीके गीता दीदी से ईश्वरीय ज्ञान की जानकारी ली और 7 दिवसीय राजयोग पाठ्यक्रम में भाग लेने की भी बात कही।दक्षिण सिविल लाइंस के पार्षद डॉ नवनीत शर्मा ने भी किसान दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित कार्यक्रम में चौधरी चरण सिंह की महिमा की और आध्यात्मिकता को खेती किसानी से जोड़ने के लिए ब्रह्माकुमारीज का आभार जताया।राजयोगिनी बीके गीता दीदी ने कहा कि प्रकृति हमे देती है जबकि आज का मनुष्य प्रकृति को देने के बजाए प्रकृति का दोहन कर रहा है,जिसकारण असंतुलन की स्तिथि पैदा हो गई है।बीके पारुल के संचालन में अतिथियों को बीके गीता दीदी व बीके सपना ने पगड़ी पहनाकर, शाल ओढ़ाकर व ईश्वरीय सौगात देकर उनका अभिनन्दन किया।इस अवसर पर कृष्ण छाबड़ा, श्रीगोपाल नारसन,लक्ष्मण सिंह,अनिल कुमार, सुषमा शर्मा,रेखा,शिव कुमार, अमरेश, पूनम आदि मौजूद रहे।

सुरेंद्र सैनी,श्रीगोपाल नारसन व नवीन शरण को मिला सृजन समन्वय सम्मान!

रुड़की- अखिल भारतीय सर्वभाषा संस्कृति समन्वय समिति नई दिल्ली द्वारा देहरादून के ग्राम थानों अंतर्गत लेखक गांव में आयोजित देहरादून साहित्य महोत्सव में पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमेश पोखरियाल निशंक व ग्लोबल अध्यक्ष पंडित सुरेश नीरव द्वारा रुड़की के साहित्यकार सुरेंद्र कुमार सैनी,श्रीगोपाल नारसन व नवीन शरण निश्चल को शाल ओढ़ाकर व प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया है।इस अवसर पर डॉ निशंक को श्रीगोपाल नारसन ने अपनी पुस्तक ‘श्रीमद्भागवत गीता शिव परमात्मा उवाच’ व ‘विविधताओं का शहर रुड़की’ की प्रति भेंट की वही सुरेंद्र सैनी ने भी उन्हें अपनी पुस्तक  मुक्तक संग्रह ‘पत्ता पत्ता संघर्ष ‘भेंट की है।कार्यक्रम में देशभर से आए कवियों को विभिन्न सम्मानों से विभूषित किया गया है।पंडित सुरेश नीरव की अध्यक्षता व राखी कटियार के संचालन में मुख्य अतिथि डॉ रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा कि यह सम्मान साहित्य की सतत साधना का प्रतिफल है। डॉ निशंक व पंडित नीरव का भी इस अवसर पर विशेष सम्मान किया गया।श्रीगोपाल नारसन ने लेखक गांव को लेकर एक सारगर्भित कविता भी प्रस्तुत की,जिसे डॉ निशंक समेत सभी ने सराहा है।

Previous articleदेवभूमि रजत उत्सव : 25 साल का सफर बेमिसाल, निरंतर प्रगति पथ पर उत्तराखंड
Next articleमुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने पेशावर कांड के नायक वीर चन्द्र सिंह ‘गढ़वाली’ की जयंती पर मुख्यमंत्री आवास में उनके चित्र पर श्रद्धा सुमन अर्पित कर उनका भावपूर्ण स्मरण किया

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here