Sunday, October 25, 2026
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चकराता वायरल ऑडियो प्रकरण: चमन सिंह और राजपाल सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज, बेटियों पर कांग्रेस में शामिल होने का दबाव बनाने का आरोप

देहरादून/त्यूणी। चकराता विधानसभा क्षेत्र में वायरल ऑडियो को लेकर चल रहे विवाद में त्यूणी पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह के भाई एवं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष चमन सिंह और पूर्व ब्लॉक प्रमुख राजपाल सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने यह कार्रवाई त्यूणी निवासी बालक राम की शिकायत के आधार पर 25 अक्टूबर को की। दोनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 351(3) और 352 के तहत प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है।

बेटियों को कांग्रेस में शामिल कराने के लिए दबाव बनाने का आरोप

शिकायतकर्ता बालक राम, छुमरा गांव, खत देवगार के निवासी हैं और ऊर्जा निगम के चकराता उपखंड के त्यूणी उपकेंद्र में दैनिक वेतनभोगी कर्मचारी के रूप में कार्यरत हैं। अपनी शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया कि 7 अक्टूबर 2026 को शाम करीब 8:30 बजे और 9:15 बजे उनके पास फोन कॉल आए। कथित बातचीत के दौरान उन पर अपनी दोनों बेटियों को कांग्रेस में शामिल कराने के लिए दबाव बनाया गया।

बालक राम का आरोप है कि इस बात का विरोध करने पर उनके साथ गाली-गलौज की गई और उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। उन्होंने दावा किया कि फोन पर हुई बातचीत की रिकॉर्डिंग उनके मोबाइल में सुरक्षित है। वहीं, कुछ मीडिया रिपोर्टों में बिजली उपकेंद्र पर पहुंचकर अभद्रता करने और धमकी देने के आरोपों का भी उल्लेख किया गया है। इन आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।

एसएसपी से मुलाकात के बाद दर्ज हुई प्राथमिकी

मामले में कार्रवाई की मांग को लेकर बालक राम ने पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष मधु चौहान और भाजपा के अन्य नेताओं के साथ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र डोबाल से मुलाकात की थी। इस दौरान उन्होंने शिकायत सौंपकर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करने और अपने परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।

एसएसपी की ओर से नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद त्यूणी पुलिस ने शिकायत के आधार पर दोनों आरोपियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली।

मुख्यमंत्री धामी ने भी लिया मामले का संज्ञान

वायरल ऑडियो प्रकरण को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी संज्ञान लिया था। 24 अक्टूबर को मुख्यमंत्री ने बालक राम की बेटी दीक्षा से फोन पर बातचीत कर मामले की जानकारी ली और कार्रवाई का भरोसा दिलाया। इसके बाद यह प्रकरण राजनीतिक हलकों में भी चर्चा का विषय बन गया।

चमन सिंह ने ऑडियो को एडिटेड बताया

वायरल ऑडियो को लेकर चमन सिंह की ओर से इसे एडिटेड बताए जाने का दावा भी मीडिया रिपोर्टों में सामने आया है। उनके पक्ष के अनुसार, बातचीत का एक हिस्सा हटाया गया था, जिसमें कथित तौर पर बालक राम ने उनके परिवार और उनके भाई के खिलाफ अपशब्दों का इस्तेमाल किया था।

हालांकि, वायरल ऑडियो की प्रामाणिकता, उसमें किसी प्रकार की छेड़छाड़ और बातचीत के वास्तविक संदर्भ की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। ऐसे में जांच के निष्कर्ष सामने आने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

पुलिस कर रही मामले की जांच

त्यूणी थाना प्रभारी कुलदीप शाह के अनुसार, बालक राम की तहरीर के आधार पर दोनों आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 351(3) और 352 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है और उपलब्ध साक्ष्यों एवं तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

फिलहाल, प्राथमिकी दर्ज होने से आरोप साबित नहीं होते हैं। पुलिस जांच में कथित ऑडियो की सत्यता, बातचीत के पूरे संदर्भ और शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि होना बाकी है।

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